Summary
पाठ 12 — "फूली रोटी" कक्षा 1 की एनसीईआरटी हिंदी पाठ्यपुस्तक सारंगी की एक मज़ेदार कहानी है जिसमें जमाल नाम का बच्चा माँ के साथ मिलकर रोटी बेलना सीखता है। जमाल कटोरी की मदद से रोटी गोल बनाता है और माँ के सेंकने पर रोटी खूब फूलती है। पाठ में मनोज कुमार राय की एक मज़ेदार कविता भी है जो गोल न बनने वाली रोटी के बारे में है।
- कहानी का सारांश — जमाल अपनी माँ को रसोई में रोटी बनाते देखता है और खुद भी रोटी बनाना चाहता है। माँ उसे आटे की एक छोटी लोई देती है और वह रोटी बेलना शुरू करता है।
- कटोरी से रोटी गोल बनाना — जमाल की रोटी गोल नहीं बन रही थी, तो ज़ू ने उसे कटोरी दी। जमाल ने कटोरी को रोटी पर रखकर घुमाया और रोटी गोल हो गई।
- मुख्य भाव — यह पाठ बच्चों को सिखाता है कि रसोई के काम में मदद करना और नई चीज़ें सीखना बहुत खुशी देता है। मिलकर काम करने से काम आसान भी हो जाता है।
- कविता — रोटी अगर गोल न बने — मनोज कुमार राय की यह कविता बड़े मज़ेदार तरीके से बताती है कि अगर रोटी गोल न बने और नक्शे जैसी बन जाए तो क्या किया जाए। कविता में बच्चों की कल्पना को उड़ान दी गई है।
- पाठ से सीख — रोटी बनाने जैसे छोटे-छोटे काम खुद करने से बच्चे आत्मनिर्भर बनते हैं। गलती होने पर नया तरीका आजमाना चाहिए — जैसे जमाल ने कटोरी का उपयोग किया।
Key points & formulas
- 01जमाल ने माँ से आटे की एक छोटी लोई माँगी और रोटी बेलना सुरू किया।
- 02जमाल की रोटी गोल नहीं बन रही थी, तो ज़ू ने उसे कटोरी दी।
- 03जमाल ने कटोरी रोटी पर रखकर घुमाई और रोटी गोल हो गई।
- 04माँ ने जमाल की रोटी सेंकी और रोटी खूब फूली।
- 05जमाल और ज़ू दोनों खुशी से रोटी खाने लगे।
- 06पाठ में मनोज कुमार राय की कविता 'रोटी अगर गोल न बने' भी है।
- 07पाठ के अंत में बच्चों को मिलकर चाट बनाने की विधि भी दी गई है।
Frequently asked questions
01फूली रोटी कहानी में मुख्य पात्र कौन है?
इस कहानी का मुख्य पात्र जमाल है, जो अपनी माँ को रसोई में रोटी बनाते देखता है और खुद भी रोटी बनाना सीखता है।
02जमाल ने माँ से क्या माँगा?
जमाल ने माँ से आटा माँगा क्योंकि वह भी रोटी बनाना चाहता था। माँ ने उसे एक छोटी-सी लोई दे दी।
03जमाल की रोटी गोल क्यों नहीं बन रही थी?
जमाल छोटा बच्चा था और उसे रोटी बेलना नहीं आता था, इसलिए उसकी रोटी गोल नहीं बन रही थी।
04ज़ू ने जमाल की रोटी गोल बनाने के लिए क्या किया?
ज़ू ने जमाल को एक कटोरी दी। जमाल ने उस कटोरी को रोटी पर रखकर घुमाया और रोटी गोल हो गई।
05माँ ने जमाल की रोटी का क्या किया?
माँ ने जमाल की रोटी सेंक दी। रोटी सेंकने पर वह खूब फूली।
06कहानी में रोटी फूलने पर क्या हुआ?
जमाल की रोटी खूब फूली और जमाल और ज़ू दोनों बहुत खुश हुए। वे दोनों खुशी से रोटी खाने लगे।
07पाठ में कौन-सी कविता है और किसने लिखी है?
पाठ में 'रोटी अगर गोल न बने' कविता है जो मनोज कुमार राय ने लिखी है। यह कविता बड़े मज़ेदार तरीके से बताती है कि अगर रोटी गोल न बने तो क्या-क्या किया जा सकता है।
08कविता में रोटी गोल न बनने पर क्या कल्पना की गई है?
कविता में कहा गया है कि अगर रोटी गोल न बने और नक्शे जैसी बन जाए, तो उसे किसी देश को डाक से भेज दें या पृथ्वी जैसी गोल बना लें।
09पाठ में पहेलियाँ किसने लिखी हैं?
पाठ में दो पहेलियाँ श्रीप्रसाद ने लिखी हैं — एक ताले के बारे में और एक किताब के बारे में।
10पाठ के अंत में बच्चों को क्या बनाने की विधि दी गई है?
पाठ के अंत में बच्चों को मिलकर चाट बनाने की विधि दी गई है जिसमें मुरमुरे, सेव, प्याज, टमाटर, मूँगफली और नमक का उपयोग होता है।
11लोई क्या होती है?
लोई आटे की एक छोटी गोल लपेटी हुई गेंद होती है जिसे बेलकर रोटी बनाई जाती है।
12इस पाठ में रसोई से जुड़े कौन-कौन से शब्द आए हैं?
पाठ में रसोई से जुड़े कई शब्द आए हैं जैसे — रोटी, लोई, आटा, कटोरी, करछी, कड़ाही, बरतन, तलना आदि।
13जमाल का परिवार कहाँ था जब वह रोटी बना रहा था?
जमाल की माँ रसोई में खाना बना रही थीं और जमाल का पिता बच्चों के साथ खेल रहे थे।
14इस पाठ से बच्चे क्या सीख सकते हैं?
बच्चे यह सीख सकते हैं कि रसोई में मदद करना अच्छी बात है। गलती होने पर नया तरीका आजमाना चाहिए और मिलकर काम करने में खुशी मिलती है।
More chapters in Sarangi (सारंगी)
Read Chapter 12 of Sarangi (सारंगी), the Class 1 Hindi NCERT textbook (2026-27 edition), online for free: the complete chapter as published by NCERT with every diagram, solved example and exercise, with a chapter summary, question answers and revision notes. Open the NCERT PDF above, or browse all NCERT Class 1 textbooks.
Read offline with notes, solutions & mock tests
CBSE Prepmaster — free on iOS & Android