Class 10 Sanskrit

Chapter 4 — चित्रवर्णनम्

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Overview

Summary

NCERT Class 10 Sanskrit Abhyaswaan Bhav Chitravarnanam (चित्रवर्णनम्) यह पाठ संस्कृत लेखन-कौशल का अभ्यास-पाठ है जिसमें छात्र दस भिन्न चित्रों को देखकर मञ्जूषा के सहारे संस्कृत में वाक्य बनाना सीखते हैं; इस पाठ में कोई गद्यांश या पद्य नहीं है।

NCERT अभ्यासवान् भव (दशम कक्षा) के चतुर्थ पाठ 'चित्रवर्णनम्' में संस्कृत लेखन का व्यावहारिक अभ्यास है। पाठ में दस चित्र दिए गए हैं — रक्षाबन्धन, बाढ़ में हेलीकॉप्टर-राहत, सीमा-सुरक्षा, रेल-दुर्घटना, यातायात-नियम, वर्षाऋतु में मेंढक, सड़क-दुर्घटना, फल-बाज़ार, बालिकाओं की दौड़-प्रतियोगिता और किसान। प्रत्येक चित्र के साथ एक मञ्जूषा (शब्द-सहायिका) दी गई है और छात्रों को पाँच संस्कृत वाक्य लिखने हैं। पहले चित्र के लिए उदाहरणवाक्य भी दिए गए हैं। इस पाठ का उद्देश्य छात्रों में संस्कृत वाक्य-निर्माण की स्वतन्त्र क्षमता विकसित करना है।

Essentials

Key points & formulas

  1. 01पाठ का स्वरूप — यह शुद्ध लेखन-अभ्यास पाठ है; इसमें कोई कहानी, कविता, गद्यांश या कोई लेखक/कवि का उल्लेख नहीं है। दस चित्रों पर आधारित वाक्य-निर्माण के अभ्यास हैं।
  2. 02मञ्जूषा का प्रयोग — पाठ में स्पष्ट निर्देश है कि 'प्रत्येक चित्र के साथ दी गयी मञ्जूषा में प्रदत्त पद छात्रों की सहायता के लिए हैं, किन्तु उनका प्रयोग अनिवार्य नहीं है। छात्र स्वेच्छा से भी वाक्य संरचना कर सकते हैं।'
  3. 03दस चित्रों के विषय — (१) रक्षाबन्धन, (२) बाढ़ में सैनिकों द्वारा हेलीकॉप्टर-राहत, (३) सीमा पर देशरक्षक और आतंकवादी, (४) रेल-दुर्घटना एवं चिकित्सा-सहायता, (५) यातायात-नियम और हेलमेट, (६) वर्षाऋतु में मेंढक और इन्द्रधनुष, (७) सड़क-दुर्घटना और पुलिस, (८) फल-बाज़ार, (९) बालिकाओं की धावन-प्रतियोगिता, (१०) किसान और खेती।
  4. 04उदाहरणवाक्य (प्रथम चित्र से, स्रोत-सम्मत) — 'अत्र रक्षाबन्धनपर्वणि आयोजनं भवति।' तथा 'मातापितरौ रक्षाबन्धनं दृष्ट्वा मोदेते।' — ये वाक्य पाठ में दिए गए नमूने हैं।
  5. 05केन्द्रीय शिक्षा — चित्र देखकर संस्कृत वाक्य बनाने से शब्द-भण्डार, क्रियारूप और वाक्य-संरचना का व्यावहारिक अभ्यास होता है।
  6. 06मुख्य शब्दार्थ — मञ्जूषा = शब्दों की पेटी (word box); मणिबन्ध = कलाई; अग्रज = बड़ा भाई; अनुज = छोटा भाई; शिरस्त्राण = हेलमेट; मण्डूक = मेंढक; कृषक = किसान; वृषभ = बैल।
  7. 07अन्य मुख्य शब्दार्थ — जलौघपीडित = बाढ़ से पीड़ित; देशरक्षक = देश की रक्षा करने वाले सैनिक; दण्डशुल्क = जुर्माना; अन्नदाता = किसान (अन्न देने वाला); द्राक्षा = अंगूर; कदलीफल = केला; नारिकेल = नारियल; जम्बू = जामुन।
Questions

Frequently asked questions

01

चित्रवर्णनम् पाठ किस पुस्तक में है?

यह पाठ NCERT की कक्षा 10 संस्कृत पाठ्यपुस्तक 'अभ्यासवान् भव' का चतुर्थ पाठ (Chapter 4) है।

02

Chitravarnanam chapter kya hai class 10 Sanskrit mein?

'चित्रवर्णनम्' एक लेखन-अभ्यास पाठ है जिसमें दस चित्र दिए गए हैं और छात्रों को प्रत्येक चित्र पर मञ्जूषा की सहायता से पाँच संस्कृत वाक्य लिखने हैं।

03

चित्रवर्णनम् पाठ में कितने चित्र हैं?

इस पाठ में कुल दस (10) चित्र हैं। प्रत्येक चित्र के लिए पाँच संस्कृत वाक्य लिखने का अभ्यास है।

04

मञ्जूषा क्या होती है और इसका उपयोग कैसे करें?

मञ्जूषा संस्कृत शब्दों की एक सहायक सूची है जो प्रत्येक चित्र के साथ दी जाती है। पाठ में लिखा है कि इसका उपयोग अनिवार्य नहीं है — छात्र इन शब्दों की सहायता से या स्वेच्छा से भी वाक्य बना सकते हैं।

05

चित्रवर्णनम् के पहले चित्र का विषय क्या है?

पहले चित्र का विषय रक्षाबन्धन पर्व है। पाठ में दिए उदाहरण वाक्य हैं — 'भगिनी अग्रजस्य मणिबन्धे रक्षासूत्रस्य बन्धनं करोति।' और 'मातापितरौ रक्षाबन्धनं दृष्ट्वा मोदेते।'

06

Chitravarnanam mein kaunse topics cover hote hain?

रक्षाबन्धन, बाढ़ में हेलीकॉप्टर-राहत, सीमा-सुरक्षा, रेल-दुर्घटना, यातायात-नियम, वर्षाऋतु में मेंढक और इन्द्रधनुष, सड़क-दुर्घटना, फल-बाज़ार, बालिकाओं की दौड़-प्रतियोगिता और किसान व खेती — ये दस विषय इस पाठ में हैं।

07

मणिबन्ध का अर्थ क्या है?

मणिबन्ध का अर्थ है 'कलाई'। पाठ में रक्षाबन्धन के प्रसंग में 'मणिबन्धे रक्षासूत्रस्य बन्धनं करोति' — कलाई पर राखी बाँधती है — यह प्रयोग है।

08

शिरस्त्राण का संस्कृत में अर्थ क्या है?

शिरस्त्राण का अर्थ है 'हेलमेट' (सिर की रक्षा करने वाला)। पाठ के पाँचवें चित्र में यातायात-नियमों के संदर्भ में यह शब्द मञ्जूषा में दिया गया है।

09

अन्नदाता का संस्कृत में क्या अर्थ है?

अन्नदाता का अर्थ है 'अन्न (भोजन) देने वाला', अर्थात् किसान। पाठ के दसवें चित्र में कृषक के सन्दर्भ में यह शब्द मञ्जूषा में है।

10

Abhyaswaan Bhav class 10 chapter 4 ka naam kya hai?

NCERT अभ्यासवान् भव कक्षा 10 के चतुर्थ अध्याय का नाम 'चित्रवर्णनम्' है, जो चित्र देखकर संस्कृत वाक्य बनाने का अभ्यास-पाठ है।

11

क्या इस पाठ का PDF मुफ़्त डाउनलोड कर सकते हैं?

हाँ, यह मुफ़्त है, बिना साइन-अप।

12

चित्रवर्णनम् पाठ परीक्षा की दृष्टि से क्यों महत्त्वपूर्ण है?

यह पाठ संस्कृत में वाक्य-निर्माण और लेखन-कौशल की परीक्षा की तैयारी कराता है। परीक्षा में चित्र देखकर वाक्य लिखने के प्रश्न आते हैं जिनका अभ्यास यहाँ दिया गया है।

13

द्राक्षा और कदलीफल का संस्कृत अर्थ क्या है?

द्राक्षा = अंगूर; कदलीफल = केला। ये शब्द पाठ के आठवें चित्र (फल-बाज़ार) की मञ्जूषा में दिए गए हैं।

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